SEBI के आदेश के बाद अडानी समूह का बाजार पूंजीकरण 69,000 करोड़ रुपये बढ़ गया है, जिससे निवेशकों में नई ऊर्जा आई है और शेयरों की जोरदार खरीदारी देखी गई है
Adani समूह को सेबी से क्लीन चिट कैसे मिली , भारतीय बाजार नियामक SEBI ने हाल ही में अडानी समूह पर लगे हिन्डनबर्ग रिसर्च के आरोपों की जांच पूरी कर ली। जांच में सेबी ने पाया कि शेयरों में किसी तरह की गड़बड़ी या संबंधित-पार्टी लेन-देन में नियमों का उल्लंघन नहीं हुआ है। इसके साथ ही समूह के खिलाफ किसी भी तरह की पेनल्टी या कार्रवाई नहीं की गई है।
बाजार में जोरदार तेजी और मुख्य शेयरों का प्रदर्शन
SEBI की क्लीन चिट के बाद Adaniसमूह की कंपनियों के शेयरों में जोरदार उछाल देखा गया।
Adani Power: 12.40% बढ़त, 52-सप्ताह का उच्चतम स्तर
Adani Total Gas: 7.35% बढ़त
Green Energy: 5.33% बढ़त
Enterprises: 5.04% बढ़त
Energy Solutions: 4.70% बढ़त
इस तेजी की वजह से समूह की कुल बाजार पूंजी 13.96 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गई।
निवेशकों का भरोसा लौटा, वैश्विक ब्रोकरेज भी उत्साहित
SEBI के आदेश के बाद न सिर्फ घरेलू, बल्कि वैश्विक निवेशकों का विश्वास भी लौटा है। Morgan Stanley जैसी अंतरराष्ट्रीय ब्रोकरेज हाउस ने भी अडानी पावर पर पहली बार सकारात्मक कवरेज दी। इससे पूरे कॉनग्लोमरेट में नए निवेश की संभावना बनी है।
आगे की स्थिति
हालांकि SEBI द्वारा अधिकांश आरोपों से अडानी समूह को मुक्त कर दिया गया है, रिपोर्ट के मुताबिक कुछ मामलें अभी जांच के अधीन हैं। फिर भी इस आदेश ने बाजार में अडानी समूह को नई मजबूती और निवेशकों को राहत दी है।
इस आदेश का असर न केवल शेयर बाजार पर बल्कि भारत के कॉरपोरेट माहौल पर भी सकारात्मक तौर पर देखा जा रहा है